अक्सर लोग दूध को जब मर्जी आया पी लेते है और अपच, गैस(Gas and indigestion) बनना, पेट भारी होना और भूख न लगना जैसी समस्याओ से परेशान हो जाते है। आज हम आपको बतायेंगे की दूध को कब और किस तरह से पिएं ताकि आपको ये समस्या बिल्कुल भी न हो।
आयुर्वेद के अनुसार दुध को रात में ही पीना चाहिए क्योकि रात्रि का प्रथम प्रहर कफ धातु के प्रभाव में रहता है।
रात्रि में कफ की प्रधानता होने के कारन ही हमे नींद आती है।आपने बहुतो बार देखा होगा की दूध पीने वाले छोटे बच्चो को नींद बहुत आती है क्योकि दूध पीने से उनकी कफ धातु बढ़ती है और कफ के प्रभाव में नींद बहुत आती है। अब ये रात में हो तो बहुत बढ़िया है...क्योकि उस समय हमे सोना भी है पर कई लोग दूध को सवेरे या दिन में भी पी लेते है।
सवेरे या दिन में अगर दूध आप लेते है तो निश्चित है की आपके शरीर में कफ धातु की वृधि होगी,क्योकि सवेरे सवेरे हमारा शरीर कफ धातु के प्रभाव में होता है उस समय हमे कफ धातु को बढ़ाने वाली कोई भी चीज अपने शरीर में नही डालनी है। सवेरे सवेरे जो दूध पीयेगा उसके शरीर में आलस बहुत आएगा नींद बहुत आएगी,आप अपने काम के प्रति एक्टिव नही रह पाएंगे ।
आप ऐसे समज लीजिये की सवेरे सवेरे शरीर में कफ धातु का प्रभाव दिन में पित्त धातु का प्रभाव और शाम को वाट धातु का प्रभाव हमारे शरीर में होता है। और फिर ऐसे ही रात्रि का प्रथम प्रहर कफ और द्वितीय प्रहर पित्त धातु के प्रभाव में होता है...अब जब भी हमारा शरीर जिस भी धातु के प्रभाव में रहे उस समय हमे उसी धातु को बढ़ाने वाली चीजो का सेवन अधिक नही करना है। इस बात को आप अवश्य याद रखिये । रात में पिया गया दूध शरीर में कफ को बेशक बढ़ाएगा क्योकि उस समय का बढ़ा हुआ कफ अच्छी नींद लाने में मददगार साबित होगा। पर 80% लोगो को ये दूध रात में हजम नही होता जिसके कारण रात में उनका पेट फुल जाता है और उन्हें ऐसा लगता है की जैसे अन्दर गैस भर गई हो...जिसके कारण रात में उठकर कई बार डकारे लेते है या पाद आने की इच्छा होती है,साथ ही पेट में भारीपन महसूस होता है। ये वो लक्षण है जिससे ये पता लगता है कि जो आपने जो खाया या पिया उसका पाचन ठीक से नही हुआ। दूध के बारे में ये कहा जाता है की ये एक सम्पूर्ण आहार है यानि एक पूरा भोजन फिर से करना,ये पचने में भारी होता है। अब इसमे ये भी मायने रखता है की आप किस जानवर का दूध पी रहे है। तो चलिए अब बात करते है की किस तरह हम दूध को पचाने योग्य बनाये ।
दूध को सुपाच्य बनाने के लिए एक बर्तन में 1 गिलास दूध और एक गिलास पानी डालिए । अब इसे खूब गर्म कीजिये,जब तक कीजिए की डाला गया पानी लगभग उड़ न जाए । अब इसमे आधी की आधी चम्मच सोंठ का पाउडर डाल लीजिये आप चाहे तो इसमे इलायची भी मिला सकते है फिर देशी खांड,या मिश्री,मिलाकर इसे मिठा करके अच्छे से हिला ले और उतारकर कुनकुना रहने पर इसे पिए इस तरह से बना हुआ दूध खुद तो पचेगा ही साथ ही हमारी पाचन शक्ति को भी बढाता है।
आपको पहले दूध पीने के कारन जो गैस बनती थी अब वो पहले ही दिन से आपके शरीर से गायब होगी। ये बहुत ही सरल सा उपाय है और परीक्षित है आप इसे Try कर सकते है ।
दूध के बारे में हमारे पास और भी ऐसी जानकारियां मौजूद है जिसको जानने के बाद शायद आपके होश उड़ जाए जी हा आपने बिल्कुल सही सुना और वो जानकारी बहुत ही कम लोगो के पास है अगर आप चाहते है की वो जानकारी हम आप सभी तक पहुचाए तो सभी मित्र नीचे कमेंट करके जरुर बताये ।
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